गांव-गांव टीबी जागरूकता फैलाएंगे माय भारत के स्वयंसेवक
नशे से दूर रहने का संकल्प, सीडीओ ने दिलाई नशामुक्त भारत की शपथ
सुल्तानपुर उत्तर प्रदेश/ Etv News 24/संवाददाता वागीश
सुलतानपुर जनपद 8 अक्टूबर। टीबी उन्मूलन अभियान को जन-जन तक पहुंचाने और युवाओं की सक्रिय भागीदारी बढ़ाने के लिए गुरुवार को कलेक्ट्रेट स्थित एनआइसी सभागार में बैठक हुई। मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार सिंह की अध्यक्षता में हुई बैठक में अधिकारियों और मेरा युवा भारत (माय भारत) के स्वयंसेवकों ने टीबी के खिलाफ जागरूकता अभियान को प्रभावी बनाने पर मंथन किया।
बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. भारत भूषण, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी उपेंद्र गुप्ता, जिला युवा अधिकारी सुधीर पांडेय सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। माय भारत के मीडिया प्रभारी किशन पाठक समेत बड़ी संख्या में युवा स्वयंसेवकों ने सहभागिता की।
भारत मंडपम के लाइव कार्यक्रम से जुड़े अधिकारी
नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम से आयोजित लाइव कार्यक्रम में अधिकारियों और माय भारत के स्वयंसेवकों ने ऑनलाइन प्रतिभाग किया। इस दौरान टीबी उन्मूलन अभियान, जनभागीदारी और निक्षय मित्र योजना की जानकारी दी गई। अधिकारियों ने अधिक से अधिक लोगों को निक्षय मित्र बनने के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया।
बताया गया कि टीबी मरीजों को उपचार के साथ पोषण और सामाजिक सहयोग उपलब्ध कराने में निक्षय मित्र महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। समाज के सक्षम लोगों से जरूरतमंद मरीजों के सहयोग के लिए आगे आने की अपील की गई।
गांव-गांव पहुंचाएंगे टीबी मुक्ति का संदेश
माय भारत स्वयंसेवकों से अपने-अपने क्षेत्रों में युवाओं और आमजन को टीबी के लक्षण, जांच, उपचार और बचाव के प्रति जागरूक करने को कहा गया। युवाओं को अभियान की कड़ी बनाकर अधिक से अधिक लोगों तक टीबी मुक्त भारत का संदेश पहुंचाने पर जोर दिया गया।
सीडीओ ने दिलाई नशामुक्त भारत की शपथ
बैठक के दौरान सीडीओ विनय कुमार सिंह ने अधिकारियों, कर्मचारियों और उपस्थित लोगों को नशामुक्त भारत के निर्माण की शपथ दिलाई। सभी ने नशे से दूर रहने और समाज को इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने का संकल्प लिया। सीडीओ ने युवाओं से नशे के खिलाफ जागरूकता अभियान चलाने और अन्य लोगों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करने का आह्वान किया।
अधिकारियों ने कहा कि टीबी उन्मूलन केवल सरकारी विभागों की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि इसमें समाज के हर वर्ग की सहभागिता जरूरी है। जनभागीदारी से ही अभियान को व्यापक स्तर पर सफल बनाया जा सकता है। अंत में “टीबी हारेगा, देश जीतेगा” के संदेश के साथ लोगों से अभियान में सक्रिय भागीदारी करने और जरूरतमंद टीबी मरीजों की मदद के लिए निक्षय मित्र बनने की अपील की गई।




