अजीत सिंह हत्याकांड: विवेचक की गैरहाजिरी पर कोर्ट सख्त, बीडब्ल्यू जारी करने के निर्देश
12 अक्टूबर को होगी अगली सुनवाई, गवाही के लिए विवेचक की उपस्थिति सुनिश्चित कराने का आदेश
लखनऊ उत्तर प्रदेश/ Etv News 24/संवाददाता वागीश
लखनऊ राजधानी के बहुचर्चित अजीत सिंह हत्याकांड के चल रहे ट्रायल में मंगलवार को विवेचक के गवाही के लिए अदालत में उपस्थित न होने पर कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया। विवेचक की गैरहाजिरी को गंभीरता से लेते हुए अदालत ने उनके खिलाफ बीडब्ल्यू (बेल वारंट) जारी करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही अगली सुनवाई पर उनकी उपस्थिति सुनिश्चित कराने को कहा गया है।
मामले की अगली सुनवाई 12 अक्टूबर को होगी।
हत्याकांड की विवेचना से जुड़े अधिकारी की गवाही ट्रायल की महत्वपूर्ण कड़ी मानी जा रही है। विवेचक को जांच के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों, घटनास्थल से संबंधित तथ्यों और विवेचना की प्रक्रिया के संबंध में अदालत के समक्ष अपना बयान दर्ज कराना है। निर्धारित तिथि पर उनकी अनुपस्थिति के बाद अदालत ने अगली तारीख पर उनकी मौजूदगी सुनिश्चित कराने के लिए सख्त निर्देश दिए।
13 लोगों को बनाया गया है आरोपी
बहुचर्चित अजीत सिंह हत्याकांड में पुलिस ने विवेचना पूरी करने के बाद चार्जशीट दाखिल की थी। पुलिस चार्जशीट में कुल 13 लोगों को आरोपी बनाया गया है। मामले में ट्रायल के दौरान अभियोजन पक्ष की ओर से गवाहों के बयान दर्ज कराए जा रहे हैं। विवेचक की गवाही भी इसी प्रक्रिया का हिस्सा है।
अब 12 अक्टूबर को होने वाली सुनवाई में विवेचक की उपस्थिति और उनकी गवाही पर निगाह रहेगी। अदालत के निर्देश के बाद उनकी उपस्थिति सुनिश्चित कराने की जिम्मेदारी संबंधित पुलिस तंत्र पर भी होगी।
गवाहों की गवाही का दौर जारी
अजीत सिंह हत्याकांड के ट्रायल में पूर्व में भी गवाहों के बयान दर्ज हो चुके हैं।
अक्टूबर 2025 में प्रत्यक्षदर्शी गवाह मोहर सिंह की गवाही के दौरान अदालत ने उनकी सुरक्षा के संबंध में भी निर्देश दिए थे। फिलहाल विवेचक की गैरहाजिरी पर अदालत के सख्त रुख के बाद 12 अक्टूबर की सुनवाई महत्वपूर्ण हो गई है।




