सीएम के नाम एसडीएम को सौंपा ज्ञापन वेतन विसंगति दूर करने से पदोन्नति तक की मांग, समाधान न होने पर आंदोलन की चेतावनी
समाधान दिवस बहिष्कार से अनिश्चितकालीन धरने तक की तैयारी, शासन को दी चरणबद्ध आंदोलन की चेतावनी
सुल्तानपुर उत्तर प्रदेश/Etv News 24/संवाददाता वागीश
उत्तर प्रदेश लेखपाल संघ उपशाखा सदर के पदाधिकारियों ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री के नाम संबोधित ज्ञापन उपजिलाधिकारी सदर को सौंपकर लेखपाल संवर्ग की वर्षों से लंबित मांगों के शीघ्र निस्तारण की मांग की। संघ ने स्पष्ट किया कि शासन स्तर से सकारात्मक निर्णय नहीं होने पर प्रदेश संगठन के आह्वान पर चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा।
तहसील अध्यक्ष सुनील कुमार सिंह और तहसील मंत्री सर्वेन्द्र कुमार पटेल के नेतृत्व में लेखपाल एसडीएम कार्यालय पहुंचे। ज्ञापन में वेतन विसंगति दूर करने, अंतर मंडलीय स्थानांतरण की व्यवस्था, पदोन्नति, भत्तों में वृद्धि और रिक्त पदों पर पदोन्नति समेत विभिन्न सेवा संबंधी मांगों को प्रमुखता से उठाया गया।
बढ़ते कार्यभार के बीच लंबित हैं कई मांगें
संघ पदाधिकारियों ने कहा कि लेखपाल राजस्व विभाग की महत्वपूर्ण कड़ी हैं। राजस्व अभिलेखों के रखरखाव, भूमि संबंधी मामलों, सत्यापन कार्यों के साथ ही विभिन्न सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में उनकी अहम भूमिका रहती है। इसके बावजूद संवर्ग की कई सेवा संबंधी मांगें लंबे समय से लंबित हैं।
तहसील अध्यक्ष सुनील कुमार सिंह ने कहा कि लेखपाल शासन और ग्रामीण जनता के बीच महत्वपूर्ण संपर्क कड़ी के रूप में कार्य करते हैं। लगातार बढ़ रहे कार्यभार के बीच सेवा संबंधी समस्याओं का समाधान जरूरी है। शासन को लंबित मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय लेना चाहिए।
आंदोलन के कई चरण प्रस्तावित
तहसील मंत्री सर्वेन्द्र कुमार पटेल ने कहा कि मांगों का शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो संगठन के प्रदेशव्यापी कार्यक्रम के तहत चरणबद्ध आंदोलन किया जाएगा।
इसके तहत समाधान दिवस का बहिष्कार
गैर-आपातकालीन कार्यों का बहिष्कार, काली पट्टी बांधकर कार्य करना, रक्तदान शिविर, मोटरसाइकिल रैली और अनिश्चितकालीन
धरना-प्रदर्शन जैसे कार्यक्रम प्रस्तावित हैं।
संघ पदाधिकारियों ने कहा कि आंदोलन का उद्देश्य जनहित के कार्यों को बाधित करना नहीं, बल्कि शासन का ध्यान लेखपालों की लंबित समस्याओं की ओर आकर्षित कर उनका समाधान कराना है। उन्होंने एसडीएम से मुख्यमंत्री के नाम दिए गए ज्ञापन को शासन तक भेजने और मांगों के निस्तारण के लिए आवश्यक कार्रवाई कराने की मांग की। इस दौरान संघ के पदाधिकारी और बड़ी संख्या में लेखपाल मौजूद रहे।




