35 विधानसभा सीटों पर लोकदल ने ठोका दावा, सीट बंटवारे पर मंथन जारी
सुनील सिंह बोले- 2027 में अखिलेश को मुख्यमंत्री बनाने के लिए करेंगे काम
लखनऊ उत्तर प्रदेश/Etv News 24/संवाददाता वागीश कुमार
उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर विपक्षी खेमे में गठबंधन की कवायद तेज हो गई है। लोकदल के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी सुनील सिंह ने शुक्रवार को लखनऊ में समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव से मुलाकात की। दोनों नेताओं के बीच आगामी विधानसभा चुनाव की रणनीति, गठबंधन की संभावनाओं और प्रदेश के राजनीतिक हालात पर चर्चा हुई। मुलाकात के बाद सुनील सिंह ने स्पष्ट कहा कि लोकदल 2027 में अखिलेश यादव को उत्तर प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाने के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ेगा।
35 सीटों पर दावेदारी
सम्मानजनक हिस्सेदारी की अपेक्षा
मुलाकात में सीटों के बंटवारे का मुद्दा भी प्रमुखता से उठा लोकदल ने गठबंधन में करीब 35 विधानसभा सीटों पर अपनी दावेदारी जताई है।
सुनील सिंह के मुताबिक सीटों के बंटवारे को लेकर बातचीत आगे भी जारी रहेगी। पार्टी गठबंधन में सम्मानजनक हिस्सेदारी के साथ किसानों और ग्रामीण क्षेत्र से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता दिलाने की पैरवी कर रही है।
लोकदल अध्यक्ष ने कहा कि किसान, गरीब, युवा, रोजगार और महंगाई जैसे मुद्दे प्रदेश की राजनीति के केंद्र में होने चाहिए। उन्होंने दावा किया कि अखिलेश यादव ने लोकदल के सम्मान और पार्टी के हितों का ध्यान रखने का भरोसा दिया है।
किसान-ग्रामीण मुद्दों पर फोकस, विपक्षी एकजुटता का संदेश
सुनील सिंह ने कांग्रेस, समाजवादी पार्टी और लोकदल को इंडिया गठबंधन का हिस्सा बताते हुए विपक्षी दलों के बीच समन्वय पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि किसानों, युवाओं, गरीबों और आम जनता से जुड़े मुद्दों को लेकर मिलकर आगे बढ़ने की जरूरत है। साथ ही उन्होंने प्रदेश की मौजूदा भाजपा सरकार को हटाने और जनता से जुड़े सवालों को चुनावी विमर्श के केंद्र में लाने की बात कही।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश की राजनीति के लिहाज से भी इस मुलाकात को महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, लोकदल को किन-किन सीटों पर चुनाव लड़ने का अवसर मिलेगा, इस पर अभी अंतिम फैसला नहीं हुआ है। ऐसे में 35 सीटों की दावेदारी और सीट बंटवारे की आगामी बातचीत पर राजनीतिक नजरें टिकी हैं।
लोकदल अध्यक्ष ने दोहराया कि पार्टी 2027 के चुनाव में अखिलेश यादव को मुख्यमंत्री बनाने के लिए काम करेगी। अब सीटों के बंटवारे पर होने वाली अगली दौर की बातचीत से सपा-लोकदल के बीच गठबंधन की तस्वीर और साफ होने की उम्मीद है।




