बिजली विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल किछौछा फीडर से जुड़े
इलाकों में दो दिन से अधिक समय से आपूर्ति ठप, बारिश के बीच उपभोक्ता बेहाल
संवाददाता वागीश कुमार
उत्तर प्रदेश /Etv News 24 अम्बेडकरनगर/जलालपुर
किछौछा फीडर से जुड़े जलालपुर क्षेत्र के उपभोक्ता करीब 54 घंटे से बिजली संकट झेल रहे हैं। लगातार बारिश के बीच विद्युत आपूर्ति ठप होने से लोगों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। सबसे बड़ी परेशानी यह है कि लंबे समय से बिजली गुल होने के बावजूद आपूर्ति बहाली को लेकर विभाग की ओर से स्पष्ट जानकारी नहीं दी जा रही है। इससे उपभोक्ताओं में आक्रोश बढ़ रहा है।
बिजली न होने से पेयजल आपूर्ति, घरेलू कामकाज और अन्य जरूरी सेवाएं प्रभावित हो रही हैं। उपभोक्ताओं का आरोप है कि शिकायत करने के लिए जिम्मेदार अधिकारियों से संपर्क करने का प्रयास किया गया, लेकिन कई अधिकारियों के मोबाइल फोन बंद मिले। ऐसे में लोग अपनी समस्या किसके सामने रखें, इसे लेकर असमंजस की स्थिति बनी हुई है।
बारिश का हवाला कब तक, 54 घंटे बाद भी नहीं सुधरी व्यवस्था
बारिश के दौरान विद्युत आपूर्ति बाधित होना स्वाभाविक हो सकता है, लेकिन करीब 54 घंटे तक आपूर्ति बहाल न होने से विभागीय व्यवस्था पर सवाल खड़े हो रहे हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि यदि फीडर में बड़ा फाल्ट है तो विभाग को उसकी जानकारी सार्वजनिक कर यह बताना चाहिए कि मरम्मत का काम कहां तक पहुंचा और आपूर्ति कब तक बहाल होगी।
उपभोक्ताओं का सवाल फाल्ट कब दूर होगा, बिजली कब आएगी
लंबे बिजली संकट ने विभागीय तैयारियों और निगरानी व्यवस्था की पोल खोल दी है। उपभोक्ताओं का कहना है कि बिजली विभाग की जिम्मेदारी केवल फाल्ट होने के बाद मरम्मत तक सीमित नहीं है, बल्कि संकट के दौरान उपभोक्ताओं को सही सूचना देना भी उसकी जवाबदेही है। करीब 54 घंटे से जारी अंधेरे के बीच अब लोगों को बिजली बहाली के साथ विभागीय अधिकारियों की जवाबदेही का भी इंतजार है।




