चुनाव आयोग के खिलाफ तेज हुई राजनीतिक लामबंद 24 अकबर रोड पर पार्टी नेताओं से मुलाकात कर बनाई रणनीति
वोट बचाओ-देश बचाओ
महारैली में शामिल होने पहुंचे कांग्रेसी
चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाकर निष्पक्ष चुनाव की मांग को लेकर कांग्रेस ने तेज की आवाज
सुल्तानपुर के नेताओं ने राष्ट्रीय नेतृत्व के साथ किया संवाद, लोकतंत्र और मताधिकार की रक्षा का लिया संकल्प
नई दिल्ली/ Etv News 24/संवाददाता वागीश
दिल्ली के रामलीला मैदान में आयोजित कांग्रेस की ‘वोट बचाओ-देश बचाओ’ महारैली को लेकर रविवार को राजनीतिक सरगर्मी तेज रही। महारैली में शामिल होने पहुंचे सुल्तानपुर के कांग्रेस नेताओं ने पार्टी के राष्ट्रीय मुख्यालय 24 अकबर रोड पहुंचकर वरिष्ठ नेताओं और पार्टी पदाधिकारियों से मुलाकात की। इस दौरान संगठनात्मक गतिविधियों, मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों और चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली को लेकर चर्चा हुई।
राष्ट्रीय मुख्यालय पहुंचे सुल्तानपुर के कांग्रेस नेताओं में मोहसिन सलीम, प्रदेश उपाध्यक्ष ओबीसी कांग्रेस उत्तर प्रदेश, वरिष्ठ कांग्रेसी नेता सलाहुद्दीन हाशमी, जिला पंचायत सदस्य ओपी चौधरी, शहर प्रवक्ता हामिद रायनी, किसान कांग्रेस के जिलाध्यक्ष ओपी सिंह, जिला महासचिव अतहर नवाब और ओबीसी कांग्रेस के महासचिव अतीक अहमद शामिल रहे।
कांग्रेस के नेताओं ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए मताधिकार की रक्षा और चुनाव प्रक्रिया में पारदर्शिता बेहद जरूरी है। इसी मुद्दे को लेकर पार्टी देशव्यापी स्तर पर आवाज उठा रही है। चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली और मुख्य चुनाव आयुक्त को लेकर कांग्रेस सहित विपक्षी दलों की ओर से विरोध तेज किया जा रहा है। पार्टी नेताओं का कहना है कि लोकतांत्रिक संस्थाओं की निष्पक्षता और जनता के वोट की विश्वसनीयता सुनिश्चित करना समय की मांग है।
रामलीला मैदान की महारैली को कांग्रेस के इस राजनीतिक अभियान की महत्वपूर्ण कड़ी माना जा रहा है। सुल्तानपुर से पहुंचे नेताओं की राष्ट्रीय मुख्यालय में सक्रिय मौजूदगी से जिले में भी कांग्रेस की राजनीतिक गतिविधियों को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।




