गृह जनपद या आसपास के जिलों में सेंटर देने की मांग, छात्र अधिकार संघर्ष मंच ने मुख्यमंत्री को भेजा ज्ञापन
आर्थिक रूप से कमजोर विद्यार्थियों और छात्राओं की परेशानी का उठाया मुद्दा
सुल्तानपुर उत्तर प्रदेश/ Etv News 24/संवाददाता वागीश
उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूपीएसएसएससी) की प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (पीईटी) में अभ्यर्थियों को गृह जनपद से काफी दूर परीक्षा केंद्र आवंटित किए जाने का मामला तूल पकड़ने लगा है। परीक्षा केंद्रों की दूरी को लेकर अभ्यर्थियों में नाराजगी है।

इस समस्या को लेकर छात्र अधिकार संघर्ष मंच (सीएएसएम) के पदाधिकारियों ने जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को ज्ञापन भेजकर परीक्षा केंद्रों के आवंटन की व्यवस्था की समीक्षा करने और अभ्यर्थियों को राहत देने की मांग की है।
संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि बड़ी संख्या में अभ्यर्थियों को उनके गृह जनपद से काफी दूर परीक्षा केंद्र आवंटित किए जाने के कारण परीक्षा में शामिल होने के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ रही है। इससे विद्यार्थियों को आने-जाने में अतिरिक्त आर्थिक खर्च उठाना पड़ रहा है। साथ ही समय की बर्बादी और यात्रा संबंधी परेशानियों का भी सामना करना पड़ रहा है।

छात्र अधिकार संघर्ष मंच ने विशेष रूप से आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के विद्यार्थियों, ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले अभ्यर्थियों और छात्राओं की समस्याओं को प्रमुखता से उठाया। संगठन का कहना है कि दूरस्थ परीक्षा केंद्र तक पहुंचने के लिए किराया, भोजन और जरूरत पड़ने पर ठहरने की व्यवस्था करना कई अभ्यर्थियों के लिए आर्थिक बोझ बन जाता है। ऐसी स्थिति में परीक्षा की तैयारी के साथ-साथ केंद्र तक पहुंचने की चिंता भी विद्यार्थियों की परेशानी बढ़ा रही है।
ज्ञापन के माध्यम से मांग की गई है कि अभ्यर्थियों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए परीक्षा केंद्र उनके गृह जनपद अथवा आसपास के जिलों में आवंटित किए जाएं। जिन अभ्यर्थियों को अत्यधिक दूर केंद्र दिए गए हैं, उनके मामलों की समीक्षा कर उचित समाधान निकाला जाए। साथ ही भविष्य में होने वाली परीक्षाओं में यथासंभव नजदीकी केंद्र उपलब्ध कराने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, ताकि विद्यार्थियों को अनावश्यक आर्थिक और मानसिक परेशानी का सामना न करना पड़े।
ज्ञापन देने वालों में संगठन के अध्यक्ष अंजन कुमार यादव, महासचिव शिवम प्रताप कोरी, कार्यकारिणी सदस्य अविनाश प्रताप यादव, आदर्श यादव, सुजल पाल, राघवेन्द्र प्रताप सिंह, कोमल और मुस्कान सहित अन्य छात्र नेता मौजूद रहे।




