एक क्लिक पर मिलेगी सरकारी योजनाओं की जानकारी, पात्र लाभार्थियों तक सीधे पहुंचेगा योजनाओं का लाभ
बार-बार दस्तावेज जमा करने और सत्यापन की झंझट से मिलेगी मुक्ति, ग्रामीण व दूरस्थ क्षेत्रों के परिवारों को भी होगा फायदा
Etv News 24/ब्यूरो देहरादून
देहरादून उत्तराखंड में डिजिटल सुशासन को बढ़ावा देने और सरकारी योजनाओं का लाभ पात्र लोगों तक पारदर्शी तरीके से पहुंचाने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री ने ‘देवभूमि परिवार पोर्टल’ का शुभारंभ किया। इस नई व्यवस्था के तहत प्रदेश के प्रत्येक परिवार का एकीकृत डिजिटल डेटाबेस तैयार किया जाएगा। पोर्टल पर पंजीकरण कराने के बाद हर परिवार को एक विशिष्ट ‘देवभूमि परिवार आईडी’ दी जाएगी, जो उसकी डिजिटल पहचान के रूप में काम करेगी।
इस पोर्टल के माध्यम से नागरिकों को विभिन्न सरकारी योजनाओं और सेवाओं से जुड़ी जानकारी एक ही स्थान पर उपलब्ध होगी। इसके साथ ही अलग-अलग सरकारी विभागों के आंकड़ों को एकीकृत किया जाएगा, जिससे परिवारों की सामाजिक और आर्थिक स्थिति का आकलन करना आसान होगा। इससे पात्र एवं जरूरतमंद लाभार्थियों की पहचान कर उन्हें उनकी पात्रता के अनुसार सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाने में मदद मिलेगी।
बार-बार दस्तावेज जमा करने की परेशानी होगी कम
‘देवभूमि परिवार पोर्टल’ लागू होने से नागरिकों को अलग-अलग सरकारी योजनाओं का लाभ लेने के लिए बार-बार दस्तावेज जमा करने और सत्यापन की प्रक्रिया से गुजरने की परेशानी कम होने की उम्मीद है। एकीकृत डिजिटल व्यवस्था के जरिए विभागों को आवश्यक पारिवारिक जानकारी उपलब्ध हो सकेगी। इससे सरकारी कार्यालयों के चक्कर लगाने की जरूरत घटेगी और प्रशासनिक प्रक्रियाएं भी सरल व तेज होंगी। साथ ही नागरिकों के समय और संसाधनों की बचत होगी।
दूरस्थ क्षेत्रों के परिवारों तक भी पहुंचेगा योजनाओं का लाभ
सरकार की इस पहल का लाभ प्रदेश के ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले परिवारों को भी मिलेगा। डिजिटल डेटाबेस के माध्यम से पात्र लाभार्थियों की पहचान, सरकारी योजनाओं की जानकारी और पहले से मिल रहे लाभों का समेकित विवरण तैयार करने में मदद मिलेगी। इससे योजनाओं के क्रियान्वयन में पारदर्शिता बढ़ने के साथ ही जरूरतमंद परिवारों को सरकारी सुविधाओं से जोड़ना आसान होगा।
सरकार की इस पहल को डिजिटल प्रशासन और नागरिक-केंद्रित सुशासन की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। हालांकि, पोर्टल की सफलता परिवारों के पंजीकरण, आंकड़ों की शुद्धता, व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा और पात्रता के निष्पक्ष सत्यापन पर निर्भर करेगी। इसके प्रभावी क्रियान्वयन से सरकारी योजनाओं का लाभ सही व्यक्ति तक पहुंचाने की व्यवस्था को और मजबूत किया जा सकेगा।




