समग्र विकास, श्रद्धालु सुविधाएँ एवं सुरक्षा व्यवस्था को सुदृढ़ करने हेतु महत्वपूर्ण निर्देश
कैमूर बिहार/ Etv News 24
ऐतिहासिक एवं आध्यात्मिक धरोहर माँ मुंडेश्वरी धाम तथा इसके आसपास के सम्पूर्ण परिक्षेत्र के समग्र, सुनियोजित एवं सतत विकास को गति प्रदान करने के उद्देश्य से जिला पदाधिकारी कैमूर श्री कुमार अनुराग ने धाम का विस्तृत स्थलीय निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने श्रद्धालुओं की सुविधाओं में वृद्धि, पर्यटन संभावनाओं के विस्तार तथा सुरक्षा एवं विधि-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए तथा संबंधित पदाधिकारियों को स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए।

निरीक्षण किए गए प्रमुख स्थल
जिला पदाधिकारी कैमूर ने मंदिर परिसर एवं तलहटी क्षेत्र में स्थित निम्नलिखित महत्वपूर्ण स्थलों का गहन जायजा लिया—• रंगमंच क्षेत्र• इको पार्क• धार्मिक न्यास परिषद अतिथि गृह (न्यास गेस्ट हाउस)• संग्रहालय (म्यूजियम) परिसर
महत्वपूर्ण निर्णय एवं निर्देश
हेलीपैड, कैफेटेरिया एवं सुव्यवस्थित पार्किंग का निर्माणन्यास परिषद की लगभग 10 एकड़ भूमि (जो वर्तमान में खुले पार्क स्वरूप में उपलब्ध है) को अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त परिसर के रूप में विकसित करने का प्रस्ताव रखा गया। इस भूमि पर श्रद्धालुओं एवं पर्यटकों की सुविधा हेतु स्थाई हेलीपैड, आधुनिक कैफेटेरिया तथा बड़े पैमाने पर व्यवस्थित पार्किंग स्थल के निर्माण की विस्तृत रूपरेखा तैयार करने का निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिया गया। इसके लिए प्रथम चरण में जमीन का सीमांकन करने का निर्देश अंचल अधिकारी को दिया गया। सीमांकन के पश्चात लेआउट तैयार कर पर्यटन विभाग एवं कला संस्कृति को प्रस्ताव भेजने का निर्णय लिया गया।
संग्रहालय का आधुनिकीकरण एवं पुलिस नाका की स्थापना
क्षेत्र की ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक महत्ता को प्रभावी ढंग से प्रदर्शित करने वाले संग्रहालय का आधुनिकीकरण एवं विस्तार किया जाएगा। साथ ही, श्रद्धालुओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने तथा विधि-व्यवस्था को और अधिक सुगम बनाने के लिए संग्रहालय परिसर के निकट एक स्थायी पुलिस नाका स्थापित करने का निर्णय लिया गया। इसके लिए भी भूमि की सीमांकन करने का निर्देश अंचल अधिकारी को दिया गया।
सरकारी भूमि का सीमांकन एवं चरणबद्ध विकास
माँ मुंडेश्वरी धाम क्षेत्र में स्थित समस्त सरकारी भूमि का त्वरित एवं सटीक सीमांकन (Demarcation) करने का स्पष्ट निर्देश अंचलाधिकारी एवं राजस्व विभाग को दिया गया।चिन्हित भूमि पर भविष्य की आवश्यकताओं को दृष्टिगत रखते हुए चरणबद्ध एवं सुनियोजित निर्माण कार्य सुनिश्चित किए जाएंगे, ताकि किसी प्रकार के अतिक्रमण की संभावना समाप्त हो सके। इस हेतु सभी सरकारी भूमि को चिन्हित कर विस्तृत नक्शा तैयार करने पर विशेष बल दिया गया है।जिला पदाधिकारी ने कहा है कि प्रथम चरण में सभी भू खंडों की विस्तृत रूप रेखा बनाई जाएगी जिस से सरकारी जमीन, रैयती जमीन और वन की जमीन स्पष्ट रूप से रेखांकित हो जाए। द्वितीय चरण में, न्यास समिति द्वारा अविलंब होने वाले कार्य जैसे कि संग्रहालय का पुनः संचालन एवं अस्थाई पुलिस चौकी की व्यवस्था की जाएगी। साथ ही, इसके साथ, विस्तृत रूप रेखा तैयार कर विभाग को भेजा जाएगा जिसमें पार्किंग, हेलीपैड एवं कैफेटेरिया का निर्माण हो सके।
जिला पदाधिकारी कैमूर ने इस अवसर पर कहा कि—
“माँ मुंडेश्वरी धाम कैमूर जिले की अमूल्य ऐतिहासिक एवं आध्यात्मिक पहचान है। यहाँ आने वाले श्रद्धालुओं को विश्वस्तरीय बुनियादी सुविधाएँ उपलब्ध कराना, सुरक्षा व्यवस्था को चाक-चौबंद रखना तथा पूरे क्षेत्र का सुनियोजित एवं संतुलित विकास सुनिश्चित करना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है।”स्थलीय निरीक्षण के दौरान सचिव न्यास श्री अशोक, अनुमंडल पदाधिकारी भभुआ तथा अन्य प्रशासनिक पदाधिकारी उपस्थित रहे।जिला पदाधिकारी कैमूर ने संबंधित सभी विभागों को निर्देश दिए कि दिए गए निर्णयों पर अविलम्ब आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए तथा प्रगति की नियमित रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए।




