करगहर / रोहतास /Etv News 24
संवाददाता/मैनुद्दीन आलम
थाना क्षेत्र अंतर्गत बभनी गांव में विगत 26 जनवरी को 7 वर्षीय हिमांशु का फिरौती के लिए अपहरण कर की गई थी नृशंस हत्या इसकी जानकारी शुक्रवार को स्थानीय थाना परिसर में एसपी रौशन कुमार ने प्रेस वार्ता के दौरान दी ।
उन्होंने बताया कि बभनी निवासी मानसिक विक्षिप्त सुनील सिंह का 22 वर्षीय पुत्र विभोर कुमार उर्फ अंकित कुमार और उसका छोटा भाई ने मिलकर विगत 25 जनवरी को उसी गांव के सुधीर कुमार सिंह के 7 वर्षीय पुत्र हिमांशु का फिरौती के लिए अपहरण की योजना बनाई थी । 26 जनवरी को वह विद्यालय से झंड़ोत्तोलन के बाद घर वापस आया और दोपहर बाद खेलने के लिए जैसे ही गांव के बाहर जा रहा था कि बच्चे की फिराक में घात लगाए दोनों भाइयों ने उसे अकेला पाकर घर में खींच लिया । जब वह जोर-जोर से चिल्लाने लगा तो भेद खुलने के डर से धारदार हथियार से उसकी गर्दन काट दी और भूसे के ढ़ेर में छिपा दिया । घटना को अंजाम देकर बड़ा भाई भाग निकला ।
मोबाइल से स्थिति क जायजा लेकर दूसरे दिन वह चुपके से घर आया और शव को रात में ठिकाना लगाने के लिए मौका का इंतजार करने लगा लेकिन पुलिस बल की तैनाती और ग्रामीणों के तत्परता की वजह से वह शव को बाहर नहीं ले जा सका । 28 जनवरी को सुबह जब शव से दुर्गंध आने लगी तब ग्रामीण उक्त भुसा के घर में गए । जहां बच्चे का शव पड़ा था । सूचना पर मैं स्वयं पहुंचा और चिन्हित स्थल की गहन तलाशी डॉग स्क्वायड टीम , तकनीकी सहायता हेतु डी आई यू टीम तथा सीसीटीवी फुटेज का अवलोकन कर किया गया । काफी खोजबीन के बाद विक्षिप्त सुनील कुमार सिंह का छोटा पुत्र ने हत्या की बात कबूल की और धारदार हथियार को घर में छुपा कर रखने की बात बताई । गुरुवार की देर शाम बभनी स्थित सील किए गए भुसा के घर से हत्या में इस्तेमाल किए गए धारदार हथियार को बरामद किया गया ।उन्होंने बताया कि साक्ष्य के आधार पर सुनील सिंह के दोनों पुत्रों को गिरफ्तार कर लिया गया है । जिन्हें न्यायालय में स्पीड ट्रायल के माध्यम से हिमांशु हत्या कांड़ में शामिल दोनों आरोपियों को सजा दिलाने के लिए न्यायालय से प्रार्थना किया गया है ।



